बोधगया विस्फोट: भाजपा ने नीतीश पर साधा निशाना

बोधगया विस्फोट: भाजपा ने नीतीश पर साधा निशाना

बोधगया विस्फोट: भाजपा ने नीतीश पर साधा निशाना नई दिल्ली : भाजपा तथा अन्य विपक्षी दलों ने आज केंद्र और बिहार सरकार पर आरोप लगाया कि खुफिया एजेंसियों की विशिष्ट चेतावनी के बावजूद महाबोधि मंदिर पर आतंकी हमला रोकने के लिये कदम उठाने में विफल रहने का आरोप लगाया। भाजपा प्रवक्ता प्रकाश जावड़ेकर ने कहा, यह गंभीर मुद्दा है और केंद्रीय एजेंसियों ने इस हमले के बारे में चेतावनी दी थी और इस बारे में विशिष्ट सूचना दी गई थी कि बोधगया में हमला हो सकता है। इसके बावजूद कोई उपयुक्त व्यवस्था (राज्य सरकार की ओर से) नहीं की गई। केंद्र सरकार को भी ऐसे हमले रोक पाने में विफल रहने की जिम्मेदारी लेनी चाहिए। उन्होंने कहा, केंद्रीय एजेंसियों ने कहा था कि म्यामां में जो कुछ हो रहा है, ऐसे में बोधगया मंदिर में आतंकी हमले के प्रयास हो सकते हैं। इसके बावजूद सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए कोई कदम नहीं उठाया गया। भाजपा नेता ने कहा कि यह गंभीर विषय है और आतंकवादियों ने विश्व को शांति का संदेश देने वाले बुद्ध के मंदिर को निशाना बनाया है।

जावड़ेकर ने कहा, भाजपा बोधगया में आतंकी हमले की निंदा करती है। हम मांग करते हैं कि केंद्र और राज्य सरकार ऐसा कदम उठाये कि इस तरह की घटना दोबारा नहीं हो। उन्होंने कहा कि अन्य बौद्ध स्थलों पर भी सुरक्षा के लिए कदम उठाये जाने चाहिए। नीतीश कुमार सरकार को आड़े हाथों लेते हुए लोजपा प्रमुख रामविलास पासवान ने कहा कि विस्फोट से राज्य सरकार की विफलता उजागर हुई है जिसने इस हमले को विफल बनाने के लिए समय रहते कदम नहीं उठाया। उन्होंने कहा, भारत सरकार की ओर से एलर्ट जारी किये जाने के बावजूद विस्फोट हुए। इसकी जिम्मेदारी मुख्यमंत्री और राज्य सरकार पर आती है और इससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बिहार की छवि को नुकसान पहुंचा है।

हमले की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए राजद प्रमुख लालू प्रसाद ने कहा कि तब आईबी ने पहले ही मंदिर में संभावित हमले की चेतावनी दी थी तब जवाबदेही राज्य सरकार पर आती है। उन्होंने कहा, उन्हें इसकी जिम्मेदारी लेनी होगी। जांच हो जाने दें और सचाई सामने आ जायेगी। इस घटना के लिए जिम्मेदार तत्वों की पूरी जांच होनी चाहिए। लालू ने कहा कि इस घटना से राज्य की छवि वैश्विक स्तर पर खराब हुई है क्योंकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लोग महसूस करेंगे कि मंदिर में पर्याप्त सुरक्षा नहीं है। यह ऐसा मामलों है जिसकी जांच होनी चाहिए।

राजद अध्यक्ष ने कहा कि केंद्र सरकार और एजेंसियों को इस मामले को देखना चाहिए और यह पता लगाना चाहिए कि आईबी ने क्या रिपोर्ट दी और उस पर क्या कार्रवाई की। यह घटना बिहार की छवि पर काला धब्बा है। राजद के 15 वषरें के शासनकाल में ऐसी कोई घटना नहीं हुई। उन्होंने कहा कि इससे गलत संदेश जायेगा कि हम बौद्ध मंदिरों को सुरक्षा प्रदान करने में अक्षम हैं। (एजेंसी)

First Published: Sunday, July 7, 2013, 14:19

comments powered by Disqus